
फरीदाबाद में सफाई कर्मचारियों द्वारा सीवर या सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान बिना सुरक्षा उपकरण के सफाई की जाती है जिससे कई बार इन कर्मचारियों की दम घुटने से मौत भी हो जाती है। परंतु अब इस पर काबू किया जा रहा है तथा जिला उपायुक्त विक्रम सिंह द्वारा इस पर सख्त निर्देश दिए गए हैं ।
जानकारी के लिए बता दें की जिले को मैन्युअल स्कैवेंजिंग मुक्ति के रूप में प्रमाणित किया गया है इसके तहत सीवरेज टैंक की सफाई के लिए बिना सुरक्षा उपकरण कार्य करने पर कार्यवाही होगी।
जिला उपायुक्त ने बताया कि प्रशासन द्वारा यह पहल मैन्युअल स्कैवेंजिंग को समाप्त करने के लिए बनाया गया है। जिला प्रशासन की ओर से ये नोटिस भी जारी किया गया है कि 15 दिन के भीतर मैन्युअल स्कैवेंजिंग के संबंध में लिखित रूप से समर्थन साक्ष्य व साथ में हस्ताक्षरित सार्वजनिक दावे या आपत्तियां स्वीकार किए गए हैं।
अब यदि कोई अधिकारी या कोई कर्मचारी इस नियम का उल्लंघन करता है तो पहली बार उल्लंघन करने पर 1 वर्ष की कैद या 50 हजार रूपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा और यदि यही उल्लंघन दोबारा दोहराया गया तो 2 वर्ष की कैद या एक लाख रुपए का जुर्माना देना होगा।
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