Categories: Faridabad

खानापूर्ति से हुई नालों की सफाई मॉनसून से और भी बढ़ेंगी परेशानियां , सभी पार्षदों ने उठाए इन अधिकारियों पर सवाल

फरीदाबाद : जिला फरीदाबाद हरियाणा का वह जिला है जो अपने प्रदेश की आय में दूसरा अहम योगदान देता है फरीदाबाद सबसे ज्यादा टैक्स देने में दूसरे स्थान पर आता है लेकिन इसके बदले में फरीदाबाद को क्या मिलता है अधिकारियों की लापरवाही और कचरे से भरा शहर ।

खानापूर्ति से हुई नालों की सफाई मॉनसून से और भी बढ़ेंगी परेशानियां , सभी पार्षदों ने उठाए इन अधिकारियों पर सवाल

मॉनसून के आने का सभी को इंतजार होता है लेकिन जिला फरीदाबाद के निवासी मॉनसून से घबराते हैं ऐसा हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि फरीदाबाद आधे से अधिक गंदगी और लापरवाही से भरा हुआ है शहर में नालों की सफाई के नाम पर खानापूर्ति की गई है पिछले दिनों दिन नालों की सफाई नगर निगम की अर्थ मूवर से की गई थी अब वही नाले कचरे से भरें पढ़े नजर आ रहे हैं इसी कारण वर्ष पार्षदों ने नालों की होती दुर्दशा पर नाराजगी जताई है और साथ ही साथ इंजीनियर शाखा के अफसरों पर भी सवाल उठाए हैं।

कल हुई बैठक में निगमायुक्त डॉ गरिमा मित्तल के आदेश पर 20 जून को अतिरिक्त निगमायुक्त वैशाली शर्मा और सहायक आयुक्त हर्षित ने अलग-अलग क्षेत्र में जाकर नालों का जायजा लिया था इसके बाद नालों की सफाई की गई थी कहीं मौके पर कार्यकारी अभियंता एसडीओ तो कहीं यही पहुंचे थे और नालों की सफाई कराई गई थी लेकिन इन सभी ने खानापूर्ति करके आगे रिपोर्ट पहुंचा दी ऐसा सभी पार्षदों का कहना है यही नहीं नगर निगम मुख्यालय से चंद कदम की दूरी पर ही बीके चौक के दोनों और पांच नंबर की तरफ और मुख्य डाकघर के पास वाले नेहरू ग्राउंड के नाले की ही हालत इस तरह कचरे से भरी हुई है कि वहां से गुजर ना कोई आम बात नहीं।

बताना चाहेंगे कि नगर निगम क्षेत्र में 37 नाले हैं मॉनसून में हर वर्ष नाले परेशानी के कारण बनते हैं पिछले दिनों निगम पार्षदों और आरडब्ल्यूए ने नालों की सफाई का मुद्दा उठाया था इसके बाद नालों की सफाई तो शुरू हो गई लेकिन खानापूर्ति के साथ सही तरीके से सफाई ना होने के कारण लोगों की समस्या खत्म होने के कारण और भी ज्यादा बढ़ चुकी हैं क्योंकि मानसून की बरसात अब शुरू हो चुकी है और नालियों की गंदगी सड़कों तक देखने को मिल रही है इसके अलावा बता दे एनआईटी में 22 फुट रोड तथा 33 फुट रोड नाले की अब तक पूरी तरह सफाई नहीं हो चुकी है और ऐसी नगर का नाला भी साफ नहीं है।

अब देखना यह है कि नगर निगम फरीदाबाद किस तरह से मॉनसून से होने वाली मुसीबतों पर अपनी निगाह रखता है और लोगों को समस्या से निजात दिलाने में कोशिश करता है हालांकि आज तक यह देखा गया है कि नगर निगम द्वारा इतनी लापरवाही बरती जाती है किस शहर में गंदगी नहीं बल्कि गंदगी में शहर देखने को मिलता है शायद इसीलिए कुछ लोग मानसून से नफरत करते हैं।

Avinash Kumar Singh

Recent Posts

हरियाणा के इस जिले में 4.53 करोड़ की परियोजना जल्द होगी शुरू, इन जर्जर सड़कों के नवीनीकरण को मंजूरी

जिले में लंबे समय से बदहाल पड़ी दो प्रमुख सड़कों के पुनर्निर्माण को आखिरकार मंजूरी…

4 months ago

हरियाणा के इस जिले में 4.53 करोड़ की परियोजना जल्द होगी शुरू, इन जर्जर सड़कों के नवीनीकरण को मंजूरी

जिले में लंबे समय से बदहाल पड़ी दो प्रमुख सड़कों के पुनर्निर्माण को आखिरकार मंजूरी…

4 months ago

फरीदाबाद के मोहना–बागपुर रोड की जर्जर हालत से बढ़ी परेशानी, धूल और गड्ढों से हादसों का खतरा तेज

फरीदाबाद के मोहना से बागपुर जाने वाला प्रमुख मार्ग इन दिनों लोगों के लिए बड़ी…

4 months ago

फरीदाबाद में अब वाहनों की गति होगी नियंत्रित, बढ़ेगी सड़क सुरक्षा, हाई-रिस्क रूट्स पर लगेगा स्पीड रडार नेटवर्क

फरीदाबाद में बढ़ती तेज रफ्तार और लापरवाही से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए…

4 months ago

फरीदाबाद की हवा फिर हुई जहरीली,  लोगों की सेहत पर आ सकता है बड़ा खतरा

फरीदाबाद की हवा एक बार फिर से सेहत के लिए खतरा बनती नजर आ रही…

4 months ago

फरीदाबाद के इस सेक्टर में बनेगा हाईटेक पार्किंग सिस्टम, यात्रियों को मिलेगी जाम से मुक्ति

फरीदाबाद के सेक्टर-19 की स्पेशल मार्केट और मेट्रो स्टेशन के पीछे तैयार की जा रही…

4 months ago