स्मार्ट सिटी Faridabad प्रदेश का औद्योगिक नगर है, जिस वजह से यहां पर कई सारी छोटी बड़ी कंपनियां है। कंपनियां होने की वजह से यहां पर रोजाना लाखों वाहनों की आवाजाही होती है। ऐसे में ये वाहन इस वक्त शहर के वायु प्रदूषण का मुख्य कारण बन चुके है।
क्योंकि कई बार वाहनों की वजह से सड़कों पर जाम लग जाता है, जिस वजह से वाहन सड़कों पर रेंगते रहते है। ऐसे में इन वाहनों से धुआं निकलता है, जिस से शहर की हवा दूषित हो जाती है। वैसे केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक शहर की सड़कों पर दौड़ने वाले 15.84 लाख वाहनों में से 40 फीसदी वाहन वायु प्रदूषण फैलाते है।

बता दें कि इस वक्त शहर में सबसे ज्यादा जाम दिल्ली-आगरा हाईवे स्थित बडकल, ओल्ड फरीदाबाद, अजरौंदा, बाटा चौक, हार्डवेयर चौक, NH 1 से बीके चौक, बीके चौक से नीलम चौक, बड़खल ओवर ब्रिज, केसी मार्ग, NIT 3, ESIC मार्ग पर लगता है। वैसे सड़कों पर जाम लगने की मुख्य वजह सड़कों का जर्जर होना और सड़क किनारे वाहनों का खड़ा होना भी है।

वैसे आपकी जानकारी के लिए बता दे कि शहर में रोजाना करीब 3 लाख वाहनों का आवागमन होता है। क्योंकि शहर में डबुआ सब्जी मंडी, हरियाणा की सबसे बड़ी मछली मार्केट, NIT बाजार, बीके सिविल अस्पताल, ESIC मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, नगर निगम मुख्यालय, बैंकों की मुख्य ब्रांच, NIT बस अड्डा आदि है।
इस समस्या पर यातायात निरीक्षक सतीश कुमार का कहना है कि,”यातायात व्यवस्था बेहतर करने को हर चौक चौराहे पर पुलिस कर्मी तैनात है। यदि कोई वाहन प्रदूषण फैलता नजर आता है तो, उस पर कार्रवाई भी की जाती है। हमारी कोशिश यही रहती है कि कहीं भी जाम न लग पाए।”



