हरियाणा सरकार ने तकनीकी शिक्षा और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए एक नई पहल शुरू की है। अब राज्य की लगभग 190 सरकारी ITI संस्थानों की वर्कशॉप और लाइब्रेरी आम लोगों के लिए भी खोली जाएंगी। इस कदम का मकसद तकनीकी सुविधाओं को सीधे जनता तक पहुँचाना और युवाओं को कम कीमत पर स्किल डेवलपमेंट तथा छोटे उद्यम शुरू करने में मदद देना है।

ITI प्राचार्य राजपाल सिंधू ने बताया कि इच्छुक लोग वर्कशॉप में मौजूद मशीनों, औजारों और अन्य उपकरणों का उपयोग कर सकेंगे। इनके इस्तेमाल पर विशेषज्ञों की निगरानी रहेगी और सभी उपयोगकर्ताओं को सुरक्षा किट भी उपलब्ध कराई जाएगी।

उपयोग से पहले नागरिकों को ऑनलाइन स्लॉट बुक करना होगा, जिसके लिए 300 रुपये प्रति घंटा शुल्क तय किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, इससे वर्कशॉप में भीड़ नियंत्रित रहेगी और उपकरणों का सुरक्षित उपयोग सुनिश्चित होगा।

इसके अलावा ITI की लाइब्रेरियां भी सार्वजनिक उपयोग के लिए खोली जाएंगी। एक बार में लाइब्रेरी में 20 लोग बैठ सकेंगे। इसके लिए 100 रुपये से 500 रुपये प्रति माह तक की फीस रखी गई है। 100 रुपये वाले विकल्प में केवल अध्ययन की सीट मिलेगी, जबकि 500 रुपये वाले पैकेज में पुस्तकें और डिजिटल संसाधनों की सुविधा भी शामिल होगी। इससे छात्रों को दूर शहरों की महंगी लाइब्रेरियों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।

सरकारी पोर्टल 5 दिसंबर से आम नागरिकों के लिए शुरू किया जा रहा है। सरकार को उम्मीद है कि इस फैसले से राज्य में तकनीकी कौशल बढ़ेगा, स्टार्टअप्स को शुरुआती संसाधन आसानी से मिलेंगे और छोटे व्यवसाय कम लागत में शुरू किए जा सकेंगे।



