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महज 16 के इस भारतीय युवा सतरंज के खिलाड़ी ने बनाया इतिहास, पूरी दुनिया कर रही है वाह वाह

भारत में टैलेंट की कोई भी कमी नहीं है। यहां के लोगों में फूट फूट कर टैलेंट भरा हुआ है और जब वह निकलता है, तो वह खूब देश का नाम रोशन करते हैं। ऐसे ही भारत के एक 16 साल के ग्रैंड मास्टर आर प्रज्ञानानंद ने ऑनलाइन रैपिड शतरंज टूर्नामेंट एयरथिंग्स मास्टर्स में बड़ा बदलाव किया है। आपको बता दें उन्होंने पूरी दुनिया के नंबर वन शतरंज खिलाड़ी मैगनस कार्लसन को एक ही मुकाबले में मात दी है। उन्होंने सोमवार की सुबह को यह खेल खेला था। जिसमें प्रज्ञानंदा ने काले मोहरे से खेलना शुरू किया और कार्लसन को 39 सालों में ही हरा दिया।

इस खेल को जीतने के बाद प्रज्ञानंदा 12वीं और भारतीय ग्रैंडमास्टर के 8 अंक हो गए। उन्होंने पहले केवल लेव एरोनियन के खिलाफ गेम जीता था। इसके अलावा उन्होंने 2 गेम खेले जोकि ड्रॉ हुए। और वह चार गेम्स में हारे भी थे। प्रज्ञानंद ने अनीश गिरी और क्वांग लिम के खिलाफ मैच ड्रा किए थे, जबकि एरिक हैनसेन, डिंग लिरेन, जान क्रिज़्सटॉफ़ डूडा और शखरियार मामेदियारोव से हार गए थे।

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आपको बता दे, कुछ महीने पहले नॉर्वे के कार्लसन से अपना विश्व चैंपियनशिप मैच हारने वाले रूस के इयान नेपोम्नियाचची 19 अंकों के साथ टूर्नामेंट में शीर्ष पर हैं। खिलाड़ी को प्रत्येक जीत के लिए 3 अंक और ड्रॉ के लिए 1 अंक मिलता है। पहले चरण में अभी भी 7 राउंड की बेट खेली जानी है।

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साल 2018 में जब प्रज्ञानानंद 12 साल के थे, तब उन्होंने भारत के दिग्गज शतरंज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद का रिकॉर्ड तोड़ा था। उन्होंने ग्रैंडमास्टर का खिताब हासिल किया था।

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आपको बता दे, विश्वनाथन ने 18 साल की उम्र में ग्रैंडमास्टर का खिताब हासिल किया था। इससे पहले प्रज्ञानानंद 2016 में सबसे कम उम्र के इंटरनेशनल मास्टर बनने का खिताब भी जीत चुके हैं।

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