Pehchan Faridabad
Know Your City

सड़को की हालत ने खोली फरीदाबाद स्मार्ट सिटी के प्रसाशन की पोल

फरीदाबाद को स्मार्ट सिटी कहा जाता है लेकिन महज कहनेभर के लिए ही फरीदाबाद स्मार्ट सिटी रह गया है। सड़को की टूटी हालत ,कूड़े के ढेर दिखते है की फरीदाबाद जिससे स्मार्ट सिटी कहा जाता है वह स्मार्ट सिटी कितनी स्मार्ट है। ऐसा कोई दिन नहीं जाता जब टूटी सड़को पर कोई जानलेवा दुर्गटना न घटे। बीते पिछले दिनों में ऐसे कई मामले सामने आये है,जिसमे कोई न कोई व्यक्ति सड़क दुर्घटना का शिकार न हुआ हो।

एक सप्ताह के अंदर इन गड्ढो के करना दो लोग अपनी जान गव्हा चुके है । बाबजूद इसके प्रसाशन की अनदेखी कम होने का नाम नहीं ले रही है। एक सप्ताह पूर्व हार्डवेयर से प्याली चोक की और जाने वाली सड़क की जजर हालत के कारण एक स्कूटी सवार की गड्ढ़े में गिरने से मोत हो गयी ।सड़क का सुधर कार्य नहीं होने पर समाजसेवी सम्बन्ध में जिला उपयुक्त यशपाल यादव को ज्ञापन भी सौंपा चुके है। सड़को के खस्ता हाल के लिए लोगों ने कई बार जनप्रतिनिधि समेत अधिकारियों को शिकायत की, मगर कार्यवाही सोने ही रही। सड़क का सुधार कार्य नहीं होने पर समाजसेवी संस्थाओं के जागरूक युवाओं ने इस संबंध में जिला उपायुक्त यशपाल यादव को ज्ञापन भी सौंपा चुके हैं।

सड़कों के खस्ताहाल सरूरपुर चौक की भी है कुछ दिन पहले दो बच्चों को टैंकर चालक ने टक्कर मार दी जिसमें से एक की जान चली गई थी और दूसरा गंभीर रूप से घायल था। उसका दिल्ली स्थित अस्पताल में इलाज चल रहा है, इसके अलावा 3 दिन पूर्व सैनिक कॉलोनी के पास स्कूल चालक की कष्टि में गिरने से मौत हो गई हार्डवेयर चोक,वर्लपुल चोक, सेक्टर 3, सेक्टर 12, सेक्टर 22, श्मशान घाट के रोड, एनआईटी 3 आदि अन्य सड़कों की हालत खस्ता हो रखी है। इसके बावजूद निगम अधिकारी गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं जिले में एक केंद्रीय राज्य मंत्री और एक प्रदेश कैबिनेट मंत्री होने के बाद भी शहर की सड़कें बदहाली के आंसू रो रहे हैं ऐसे में स्मार्ट सिटी की शाख को निगम अधिकारियों बट्टा लगा रहे है ।

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More