Pehchan Faridabad
Know Your City

नगर निगम की जमीन पर अवैध कब्ज़ा करना पड़ सकता है भारी, इस नए लैब से नगर निगम को मिलेगी ज़मीन की सारी जानकारी

जिलेवासियों के लिए अब नगर निगम की जमीन पर कब्ज़ा करना भारी पड़ सकता है। फरीदाबाद नगर निगम एक ऐसे लैब की शुरुआत कर रहा हैं जिससे केवल एक क्लिक से ही यह पता चल जाएगा कि नगर निगम के पास कितनी ज़मीन खाली है, कितनी पर अवैध कब्ज़ा है।

दरअसल, नगर निगम ने डिजिटल इंडिया की तरफ कदम बढ़ाते हुए जियोग्राफिक इन्फोर्मेटिक सिस्टम (जीआईएस) लैब स्थापित करने की योजना बनाई है, जिसकी कवायद शुरू कर दी गई है।

इस लैब से नगर निगम के अधिकारी केवल एक क्लिक से ही यह जान जायेंगे कि नगर निगम के पास कितनी ज़मीन है, कितनी खाली है और और नगर निगम की किस संपत्ति पर क्या- क्या बना हुआ है।

इस लैब के माध्यम से नगर निगम संपत्ति की सारी डिटेल्स नगर निगम के पास मौजूद रहेगी। इस लैब को स्थापित करने के लिए सेक्टर- 20 स्थित स्मार्ट सिटी लिमिटेड के ऑफिस में वर्क स्टेशन की इजाजत भी मिल चुकी है, जिसमें शहर की संपत्ति का पूरा डाटा ऑनलाइन फीड किया जायेगा। इस काम के लिए नगर निगम हरियाणा स्पेस एप्लीकेशन सेंटर (हरसेक) की मदद ले रहा है।

मिली जानकारी के अनुसार नगर निगम को 17 वर्क स्टेशन मिल चुके है। इस कार्य में नगर निगम की मदद हरियाणा स्पेस एप्लीकेशन सेंटर (हरसेक) कर रहा है। इस लैब से नगर निगम को हर रोज की खबर मिलती रहेगी कि उसकी ज़मीन कितनी है और कितनों पर क्या गतिविधि चल रही है।

आपको बता दे कि अभी तक नगर निगम को खुद नही पता है कि उसके पास कितनी ज़मीन है। हरियाणा का सबसे पुराना नगर निगम फरीदाबाद है, जिसकी स्थापना 1994 में हुई थी।

इस वक्त नगर निगम के रिकॉर्ड की माने तो निगम का कुल एरिया 207 स्क्वायर किलोमीटर में है, जिसमे रेजिडेंशियल और कमर्शियल एरिया दोनों शामिल है। इस एरिया में कुछ महत्वपूर्ण ज़मीन भी मौजूद है, जिसकी डिटेल्स निगम को खुद पता नही है।

नगर निगम आयुक्त यशपाल यादव का कहना है कि नगर निगम के ज़मीन रिकॉर्ड के लिए जियोग्राफिक इन्फोर्मेटिक सिस्टम (जीआईएस) लैब स्थापित की जा रही है। इस पर तेजी से काम चल रहा है।

Written by Rozi Sinha

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More