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इस फायर सिस्टम की वजह से जल्द ही आग पर काबू पा लिया गया

आए दिन हम देखते हैं कि किसी ना किसी कंपनी में शॉर्ट सर्किट की वजह से आग लग जाती है। लेकिन उसको को पाने के लिए हमें फायर ब्रिगेड की मदद लेनी पड़ती है। गुरुवार को भी एक सोसाइटी के एक घर में आग लग गई।

लेकिन उस आग को बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की जरूरत नहीं पड़ी। क्योंकि उस सोसाइटी के हर मकान के अंदर एक ऐसा सिस्टम लगा हुआ है। जिससे आग पर काबू आसानी से पाया जा सकता है।

गुरुवार को सेक्टर 86 स्थित पूरी प्राणायाम सोसायटी के एक फ्लैट में अचानक से आग लग गई। बता दे आपको पूरी प्राणायाम सोसाइटी के हर फ्लैट में एक ऐसा सिस्टम लगा हुआ है। जिससे अगर किसी भी फ्लैट में आग लग जाती है। तो वह सिस्टम ऑटोमेटिक आग बुझाने के लिए काम करना शुरू कर देता है। उस सिस्टम का नाम है फायर sprinkler सिस्टम हैं।

पूरी प्राणायाम आरडब्ल्यूए के प्रधान साहिल ने बताया कि अगर कोई सोसाइटी 13 मंजिल से ऊपर है तो उस सोसाइटी में इस सिस्टम का होना अनिवार्य है। उनकी सोसाइटी में 17 मंजिल की है। इसलिए उनकी सोसाइटी के हर फ्लैट में यह सिस्टम मौजूद है।

sprinkler उन्होंने बताया कि गुरुवार को अचानक से एक फ्लैट में आग लग गई। आग के कारणों का भी पता नहीं चल पाया। लेकिन उस फ्लैट में फायर sprinkler सिस्टम लगा हुआ था। जब कभी तापमान बढ़ जाता है तो इस सिस्टम के द्वारा लगाया गया एक गिलास टूट जाता है और गिलास टूटने के बाद कमरे में जगह जगह जहां सिस्टम लगा होता है वहां से पानी का फुहारा ऑटोमेटिक चलना शुरू हो जाता है।

sprinklerउन्होंने बताया कि फायर hydrat सिस्टम के तहत हर फ्लैट पर करीब चार से पांच गिलास लगे हुए हैं। जिस भी कमरे में टेंपरेचर बढ़ेगा। वहां का ग्लास टूट जाएगा और पानी के फवारे शुरू हो जाएगा। जिससे ऑटोमेटिक आग बुझने लग जाएगी। उन्होंने बताया कि जिस फ्लैट में गुरुवार को आग लगी थी।

उसमें भी यह सिस्टम मौजूद था। जिसकी वजह से कोई बड़ी दुर्घटना होने से पहले ही आग पर काबू पा लिया गया। इसके अलावा उन्होंने बताया कि उस फ्लैट में एक मनोज नाम का व्यक्ति किराए पर रहता है। जो उस समय उसमें मौजूद था। लेकिन उसको भी सुरक्षित बालकनी के रास्ते निकाल लिया गया।

वही जनरल सेक्रेटरी योगेश ने बताया कि उनकी सोसाइटी में फायर सिस्टम काफी अच्छा है। इसके अलावा उनकी सोसाइटी में समय-समय पर मॉक ड्रिल भी की जाती है। जिससे वहां की जो फायर मैनेजमेंट टीम है। उसको फायर पर कैसे काबू पाया जा सकता है। उसके बारे में अवगत कराया जाता है। आज की इस आग में भी करीब 25 सिलेंडर का इस्तेमाल किया गया। है

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