Pehchan Faridabad
Know Your City

सऊदी-कुवैत में PUBG पर छिड़ा विवाद,मुस्लिमों ने मूर्ति पूजा को लेकर जताई नाराजगी ।

हिंदुस्तान विभिन्न जाती, धर्म और रीति रिवाज आपको मिलेंगे लेकिन हिंदुस्तान कि ख़ास बात ये है कि मुसीबत में सभी एकजुट हो जाते है। लेकिन कभी कभी बाहर विदेश में हुए भेद भाव को लेकर देश में भी नोक झोंक होती दिखाई देती है । लेकिन आज हम बात करने जा रहे है उस मोबाइल गेम की जिसने कई लोगों का दिल जीत लिया है ।

जी हां, हम बात कर रहे है PUBG गेम की , हाल ही में pubg का नया वर्जन अपडेट आया और इसी बात को लेकर धार्मिक विवाद छिड़ गया ।जानकारी के लिए आपको बताना चाहेंगे कि कुवैत की मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक , वीडियो गेम के नए वर्जन में मूर्ति पूजा को शामिल किए जाने को लेकर मुस्लिम समुदाय ने नाराज़गी जताई है ।

मिस्टीरियस जंगल मोड में जंगल फूड, हॉट एयर बैलून्स समेत कई नए फीचर्स जारी किए हैं लेकिन विवाद ‘टोटेम्स’ को लेकर शुरू हुआ । वीडियो गेम्स में टोटेम्स ताकतवर मूर्तियां हैं और इनकी पूजा करके खिलाड़ी फिर से सेहतमंद हो सकता है और उसे एनर्जी ड्रिंक, हेल्थ किट जैसी कई चीजें मिल जाती हैं। पबजी खेलने वाले तमाम मुस्लिम इस नए वर्जन का विरोध कर रहे हैं. यहां तक कि कई लोग अपना गुस्सा गेम में टोटेम्स को जलाकर जाहिर कर रहे हैं।

धर्मात्माओं की इस वाणी को सुनकर चौंक जाएंगे आप

कुवैत यूनिवर्सिटी में शरिया कॉलेज में प्रोफेसर डॉ. बासम अल शट्टी ने गल्फ न्यूज ने बताया, वीडियो गेम के कई अच्छे और बुरे पहलू हो सकते हैं लेकिन पबजी ने मूर्ति पूजा के जरिए इस्लामिक मान्यताओं का उल्लंघन किया है और ये इस्लाम में सबसे बड़ा पाप है। इस्लाम में सिर्फ ताकतवर अल्लाह की इबादत में ही सिर झुकाया जाता है।

बेसिक एजुकेशन कॉलेज के प्रोफेसर डॉ. राशिद अल अलीमी ने कहा, ये खेल मुस्लिमों के लिए खतरनाक है क्योंकि ये ऐसी पीढ़ियां पैदा करेंगे जिन्हें तौहीद या इस्लाम का अपमान करने वाले सिद्धांतों के बारे में कुछ पता ही नहीं होगा । इस्लाम एकेश्वरवाद में यकीन रखता है। अल्लाह ही इस दुनिया को बनाने वाला और इसकी रक्षा करने वाला है।

डॉ. बासम ने कहा, लाखों बच्चों और युवाओं समेत दुनिया भर के लोग इस गेम के प्रिय हो रहे है लेकिन पसंदीदा ये गेम सिर्फ मनोरंजन नहीं है बल्कि ये खतरनाक है क्योंकि ये बहुदेववाद का पाठ पढ़ाता है, वे पहले इसे खेलेंगे और फिर इसके आदी हो जाएंगे।

सऊदी अरब की इस्लामिक यूनिवर्सिटी में फंडामेंटल रिलीजन के प्रोफेसर डॉ. आरेफ बिन सुहैमी ने गल्फ न्यूज से कहा, इस्लाम सहिष्णुता, संतुलन, सुधार, बराबरी और सहमति जैसी चीजें सिखाता है और लोगों के हित में मध्यम मार्ग वाली सभी चीजों को प्रोत्साहित करता है. शरिया में शूटिंग, स्विमिंग, हॉर्स राइडिंग जैसे गेम खेलने की इजाजत है लेकिन कुछ ऐसे गेम हैं जो प्रतिबंधित हैं, जैसे- गैम्बलिंग यानी जुआं।

प्रोफेसर सुहैमी ने कहा, वीडियो गेम्स में कानून या धर्म विरोधी चीजों को लेकर प्रतिबंध लगाया जाता है । चूंकि इस्लाम में मूर्ति पूजा बैन है इसलिए पबजी गेम का नया वर्जन विवादास्पद है।

सऊदी में हो सकती है , pubg बंद

सूत्रों के मुताबिक pubg के इस वर्जन से सऊदी के मुसलमान नाराज़ है जिसकी चिंगारी धीरे धीरे फैल रही है और कई लोगों ने इसे बंद कराने की मांग भी की है , लेकिन आखिर केवल pubg में आइडल वर्शिप यानी कि पूजा करके शक्ति प्राप्त करने वाले इस तरीके में आखिर क्या बुराई है ? अगर आप भी pubg लवर है तो हमें कमेंट करके जरूर बताएं क्या ये मुद्दा इतना बड़ा है कि pubg को बंद करवाया जाए ?

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More