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मोबाइल खरीदने के लिए घर से भागे बच्चे, जानिये आखिर इतना क्यों ज़रूरी था मोबाइल लेना

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बच्चों के लिए मोबाइल एक बड़ी समस्या बन गया है। इस समस्या से कई पेरेंट्स चिंतित रहते हैं। कई मामले ऐसे सामने आते हैं जिनपर यकीन नहीं होता। मोबाइल ऑनलाइन गेम PUBG से जुड़ा अजीबोगरीब मामला उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से आया है। PUBG खेलने से मना करने से नाराज होकर 3 बच्चे घर से भाग गए। दिलचस्प है कि ये तीनों बच्चे घर से भाग कर पैसे कमाने जा रहे थे जिससे कि वो मोबाइल खरीद सके।

बच्चों को थोड़ा सा डांटना भी नागवार गुजर रहा है। मोबाइल ने काफी समस्याएं पैदा कर दी हैं। पुलिस ने संदिग्ध हालत में लापता तीनों बच्चों को सकुशल बरामद कर लिया है। ये बच्‍चे लखनऊ जाने की फिराक में रेलवे स्टेशन पहुंचे थे, लेकिन पुलिस ने 12 घंटे के अंदर ही लापता बच्चों को गोरखपुर रेलवे स्टेशन से सकुशल बरामद किया है। तीनों बच्चों की उम्र 12 से 15 साल के अंदर है।

मोबाइल खरीदने के लिए घर से भागे बच्चे, जानिये आखिर इतना क्यों ज़रूरी था मोबाइल लेना

इस उम्र में सही गलत की जानकारी भी नहीं होती है और इन बच्चों ने इतना बड़ा कदम उठा लिया। घर से बच्चों के लापता होने के बाद परिवार बहुत ही परेशान था। उन्होंने पुलिस को इस बात की खबर दी। जिसके बाद पुलिस ने उनकी तलाश शुरू की। सोशल मीडिया पर बच्चों की तस्वीर जारी कर उनका पता बताने वाले को 25 हजार रुपये इनाम देने का ऐलान किया गया था। ये ऐलान SSP दिनेश कुमार प्रभु ने किया था, जिससे बच्चों को जल्दी ढूंढा जा सके।

मोबाइल खरीदने के लिए घर से भागे बच्चे, जानिये आखिर इतना क्यों ज़रूरी था मोबाइल लेना

बच्चों के मिलते ही घर में खुशी का माहौल छा गया। पेरेंट्स ने कहा कि अब वह कभी इन्हें फटकार नहीं लगाएंगे। इस मामले में पुलिस की मुस्तैदी की वजह से बच्चों को 12 घंटे के भीतक रही ढूंढकर परिवार को सौंप दिया गया। बच्चो को गोरखपुर रेलवे स्टेशन से सही सलामत बरामद किया गया था। पूछताछ में बच्चों ने बताया कि वह मोबाइल खरीदने के लिए पैसा कमाने लखनऊ जा रहे थे। पुलिस अधिकारी ने बताया कि बच्चे पबजी गेम न खलने देने से नााराज थे। इसीलिए अपने-अरने घरों से भागकर लखनऊ जा रहे थे।

मोबाइल खरीदने के लिए घर से भागे बच्चे, जानिये आखिर इतना क्यों ज़रूरी था मोबाइल लेना

ऑनलाइन गेमिंग पैरेंट्स के लिए सरदर्दी बनी हुई है। एक मामले में तो बच्चे ने अपने पिता को ही मार दिया था।

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